पश्चिम बंगाल में महिलाओं के लिए अन्नपूर्णा योजना’ का एलान प्रतिमाह मिलेंगे ३,००० रुपये १ जून से शुरू होगा नया पोर्टल

पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने राज्य की महिलाओं को बड़ी आर्थिक सुरक्षा देने के उद्देश्य से एक नई और महत्वाकांक्षी वित्तीय सहायता योजना ‘अन्नपूर्णा योजना’ की औपचारिक शुरुआत करने की घोषणा की है। कोलकाता से २७ मई २०२६ को जारी इस प्रशासनिक रिपोर्ट के अनुसार, कल्याणी में हुई एक उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक के बाद मुख्यमंत्री ने बताया कि इस कल्याणकारी योजना के आवेदन फॉर्म २७ मई की शाम से राज्य सचिवालय नबन्ना से जारी कर दिए गए हैं। इस नई योजना के अंतर्गत पात्र लाभार्थी महिलाओं को प्रति माह ३,००० रुपये की आर्थिक सहायता सीधे उनके बैंक खातों में ट्रांसफर की जाएगी। सरकार ने स्पष्ट किया है कि जब तक यह नई योजना पूरे राज्य में पूरी तरह से लागू नहीं हो जाती, तब तक पूर्ववर्ती ‘लक्ष्मी भंडार’ योजना निर्बाध रूप से जारी रहेगी। आवेदन प्रक्रिया को सुगम बनाने के लिए ब्लॉक विकास अधिकारियों के नेतृत्व में सरकारी टीमें घर-घर जाकर महिलाओं की सहायता करेंगी और स्थानीय विधायक भी फॉर्म भरने में मार्गदर्शन करेंगे।

इस बड़ी योजना को पूरी पारदर्शिता के साथ लागू करने के लिए राज्य सरकार ने बड़े पैमाने पर डेटाबेस सत्यापन और शुद्धिकरण का अभियान चलाया है, जिसे १ जून को योजना के आधिकारिक रोल-आउट से पहले पूरा करने के निर्देश दिए गए हैं। सरकार की नीति के अनुसार, लक्ष्मी भंडार योजना के सभी मौजूदा लाभार्थियों को सीधे अन्नपूर्णा योजना में स्थानांतरित कर दिया जाएगा, लेकिन हालिया मतदाता सूची पुनरीक्षण और भौतिक सत्यापन के दौरान मृत, स्थानांतरित, अनुपस्थित या डुप्लिकेट पाए गए अयोग्य नामों को इस सूची से पूरी तरह हटा दिया जाएगा। इस योजना का लाभ उठाने के लिए लाभार्थी महिला की आयु २५ से ६० वर्ष के बीच होनी चाहिए, वह आयकर दाता नहीं होनी चाहिए और न ही किसी स्थायी सरकारी नौकरी में वेतन या पेंशनभोगी होनी चाहिए। मुख्यमंत्री ने कड़े शब्दों में स्पष्ट किया है कि इस योजना का लाभ केवल भारतीय नागरिकों को ही मिलेगा और इसका पैसा घुसपैठियों के लिए नहीं है। नए आवेदकों की सुविधा के लिए १ जून से एक समर्पित ऑनलाइन पोर्टल भी लाइव कर दिया जाएगा, जिसके जरिए सीधे आधार-लिंक्ड बैंक खातों में डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर सिस्टम के माध्यम से सहायता राशि भेजी जाएगी।

By rohan