अंतरराष्ट्रीय नशा निषेध दिवस (International Day Against Drug Abuse) के अवसर पर आज सिलीगुड़ी पुलिस कमिश्नरेट के पानीटंकी ट्रैफिक गार्ड ने नशामुक्त समाज बनाने का संदेश देते हुए एक भव्य जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया। शुक्रवार को शहर के व्यस्त पानीटंकी मोड़ इलाके में कई स्वयंसेवी संस्थाओं (NGOs) के सहयोग से यह अभियान चलाया गया, जिसका मुख्य उद्देश्य आम जनता, विशेषकर युवाओं को नशे के जानलेवा दुष्प्रभावों के प्रति सचेत करना था।
डीसीपी और एडिसिप ट्रैफिक सहित कई वरिष्ठ अधिकारी रहे मौजूदमुख्य प्रतिभागी: इस गरिमामयी और महत्वपूर्ण कार्यक्रम में सिलीगुड़ी पुलिस कमिश्नरेट के डीसीपी (ट्रैफिक) काजी शम्सुद्दीन अहमद, एडिसिपी (ट्रैफिक) पूर्णिमा शेरपा, एसीपी (ट्रैफिक) सुबीर दत्त और पानीटंकी ट्रैफिक गार्ड के ओसी (प्रभारी) स्वपन रॉय सहित ट्रैफिक विभाग के कई अन्य आला अधिकारी और विभिन्न सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधि मुख्य रूप से उपस्थित रहे।बैनर-प्लेकार्ड लेकर किया जागरूक, युवाओं के भटकने पर जताई चिंताजागरूकता अभियान के दौरान पुलिस कर्मियों और स्वयंसेवी संस्थाओं के सदस्यों ने हाथों में नशामुक्त समाज की अपील करने वाले बैनर और प्लेकार्ड लेकर आम जनता को जागरूक किया।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने कहा:चिंता का विषय: वर्तमान समय में युवा पीढ़ी का एक हिस्सा तेजी से नशे (ड्रग्स) की गिरफ्त में आ रहा है, जो पूरे समाज और पीड़ित परिवारों के लिए अत्यंत चिंताजनक विषय है।सामूहिक प्रयास जरूरी: इस जानलेवा प्रवृत्ति को केवल पुलिसिया कार्रवाई से नहीं रोका जा सकता। इसके लिए माता-पिता (अभिभावकों), शिक्षकों, सामाजिक संगठनों और आम नागरिकों को एक साथ मिलकर आगे आना होगा।अधिकारियों ने इस बात पर जोर दिया कि केवल जमीनी स्तर पर व्यापक जागरूकता फैलाकर ही हम एक स्वस्थ, सुरक्षित और पूरी तरह से नशामुक्त समाज का निर्माण कर सकते हैं। इस कार्यक्रम के माध्यम से पुलिस ने शहरवासियों से नशीले पदार्थों के खिलाफ एक मजबूत और एकजुट सामाजिक प्रतिरोध खड़ा करने का आह्वान किया।
