नारायणा स्कूल्स ने एक बार फिर सीबीएसई कक्षा XII की बोर्ड परीक्षाओं 2026 में बेहतरीन प्रदर्शन किया है, जिससे पश्चिम बंगाल में अपनी शैक्षणिक पकड़ को और मजबूत किया है। इस संस्थान से कुल 2,144 छात्र परीक्षाओं में शामिल हुए थे, जिसमें स्कूलों का कुल उत्तीर्ण प्रतिशत पास परसेंटेज 95.4 प्रतिशत दर्ज किया गया।
संस्थान ने बताया कि 27 छात्रों ने 97 प्रतिशत और उससे अधिक अंक प्राप्त किए, जो निरंतर शैक्षणिक उत्कृष्टता और छात्रों के शानदार प्रदर्शन को दर्शाता है। नारायणा ग्रुप ऑफ स्कूल्स, पश्चिम बंगाल के शीर्ष प्रदर्शन करने वाले छात्रों में, शरण्या मजूमदार ने 98 प्रतिशत, ओलिविया मोंडल ने 97.8 प्रतिशत, जबकि पूर्बशा चक्रवर्ती, कृशानु दास और एमडी ज़ायेद प्रत्येक ने 97.6 प्रतिशत अंक हासिल किए। सांवी अग्रवाल 96.6 प्रतिशत अंकों के साथ कॉमर्स टॉपर बनकर उभरीं।
राष्ट्रीय स्तर पर भी नारायणा एजुकेशनल इंस्टीट्यूशंस ने मजबूत परिणाम दर्ज किए, जिसमें भूमिजा एन. ने 98.8 प्रतिशत अंक हासिल किए। संस्थान ने आगे बताया कि 197 छात्रों ने 95 प्रतिशत और उससे अधिक अंक प्राप्त किए, जबकि 1,019 छात्रों ने 90 प्रतिशत से अधिक और 3,366 छात्रों ने 80 प्रतिशत से अधिक अंक प्राप्त किए।
नारायणा ग्रुप ऑफ स्कूल्स, पश्चिम बंगाल की सीईओ प्रियंका मुखर्जी ने कहा कि ये परिणाम छात्रों और संकाय सदस्यों (फैकल्टी) के समर्पण को दर्शाते हैं। उन्होंने मेंटरशिप (मार्गदर्शन), वैचारिक स्पष्टता कॉन्सेप्चुअल क्लैरिटी और व्यक्तिगत शिक्षा पर्सनलाइज्ड लर्निंग पर संस्थान के फोकस को भी रेखांकित किया।
इस बेहतरीन शैक्षणिक प्रदर्शन से कोलकाता के प्रतिस्पर्धी शिक्षा क्षेत्र को और मजबूती मिलने की उम्मीद है, जहाँ गुणवत्तापूर्ण सीबीएसई स्कूली शिक्षा और परिणाम-उन्मुख (रिजल्ट-ओरिएंटेड) संस्थानों की मांग लगातार बढ़ रही है। शिक्षा विशेषज्ञों का कहना है कि लगातार आ रहे बेहतर बोर्ड परीक्षा परिणाम कोलकाता के बाजार में माता-पिता की प्राथमिकताओं और छात्रों के नामांकन (एडमिशन) को प्रभावित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं, विशेष रूप से सीनियर सेकेंडरी सेगमेंट में।
