29
Dec
रिलायंस इंडस्ट्रीज को उम्मीद है कि सरकार के साथ कृष्णा-गोदावरी (केजी) बेसिन को लेकर चल रहा २४.७ करोड़ डॉलर का पुराना विवाद नए साल २०२६ तक सुलझ जाएगा। कंपनी ने एक प्रेस विज्ञप्ति में जानकारी दी है कि यह अंतरराष्ट्रीय मध्यस्थता अब अपने अंतिम चरण में पहुँच चुकी है। रिलायंस का तर्क है कि साल २००२ से जारी इस परियोजना में सभी निर्णय एक प्रबंधन समिति द्वारा लिए गए हैं, जिसमें सरकार के दो प्रतिनिधि शामिल थे। कंपनी के अनुसार, समिति की अनुमति के बिना न तो कोई खर्च किया गया और न ही कोई निर्णय लागू हुआ, इसलिए बाद…
