पश्चिम बंगाल उच्च माध्यमिक शिक्षा परिषद (WBCHSE) ने गुरुवार सुबह कक्षा 12वीं के परीक्षा परिणाम घोषित कर दिए हैं। परीक्षा समाप्त होने के लगभग 76 दिनों के भीतर यह परिणाम जारी किए गए हैं। इस वर्ष कुल 91.23 प्रतिशत परीक्षार्थियों ने सफलता हासिल की है।
मेरिट लिस्ट में शीर्ष पर रामकृष्ण मिशन
इस वर्ष की मेधा सूची (Merit List) में पहले तीन स्थानों पर रामकृष्ण मिशन के छात्रों ने अपना परचम लहराया है।
प्रथम स्थान: नरेंद्रपुर रामकृष्ण मिशन विद्यालय के छात्र आदृत पाल ने 496 अंक प्राप्त कर राज्य में पहला स्थान हासिल किया है।
टॉप 10: मेधा सूची में कुल 64 छात्र-छात्राओं ने स्थान बनाया है, जिनमें 56 छात्र और 8 छात्राएं शामिल हैं।
जिलों का प्रदर्शन: पूर्व मेदिनीपुर फिर अव्वल
सफलता दर के मामले में जिलों की रैंकिंग इस प्रकार रही:
प्रथम: पूर्व मेदिनीपुर (94.19%)
द्वितीय: हावड़ा
तृतीय: उत्तर 24 परगना
परीक्षा के मुख्य आँकड़े:
कुल परीक्षार्थी: 6 लाख 26 हजार से अधिक। छात्राओं की अधिकता: इस वर्ष लड़कों की तुलना में 66,486 अधिक छात्राओं ने परीक्षा दी। भागीदारी: कुल 6,837 स्कूलों के छात्र इस परीक्षा में शामिल हुए थे।
सेमेस्टर पद्धति और नई व्यवस्था:
उल्लेखनीय है कि 2026 से उच्च माध्यमिक परीक्षा पहली बार सेमेस्टर सिस्टम के आधार पर आयोजित की गई थी। प्रथम चरण की परीक्षा का परिणाम 31 अक्टूबर को घोषित किया गया था। उस समय पुरुलिया रामकृष्ण मिशन विद्यापीठ के प्रीतम बल्लभ और आदित्य नारायण जाना (98.97%) संभावित शीर्ष स्थानों पर थे। इस वर्ष कुल 15 भाषाओं और 16 व्यावसायिक विषयों में परीक्षाएं ली गईं।
स्क्रूटनी और पुनर्मूल्यांकन (PPS/PPR):
जो छात्र अपने परिणामों से संतुष्ट नहीं हैं, वे पोस्ट पब्लिकेशन स्क्रूटनी (PPS) या रिव्यू (PPR) के लिए 14 मई की रात 12 बजे से ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं।
दोबारा परीक्षा का विकल्प:
यदि कोई छात्र वर्तमान परिणाम से नाखुश है और फिर से परीक्षा में बैठना चाहता है, तो उसे अपना वर्तमान परिणाम स्कूल में जमा करना होगा। ऐसे छात्र शिक्षा परिषद की आधिकारिक वेबसाइट के माध्यम से पुनः परीक्षा के लिए सीधा आवेदन कर सकेंगे।
