सही मटेरियल के साथ सही एसी का चयन इस गर्मी में आपकी बचत बढ़ा सकता है

गर्मी का मौसम फिर आ गया है और इसके साथ ही घरों को ठंडा रखने के लिए एयर कंडीशनर की मांग भी बढ़ रही है। एसी खरीदते या बदलते समय हममें से कई लोग कीमत या ब्रांड को प्राथमिकता देते हैं, लेकिन स्टार लेबल, निर्माण वर्ष और आईइसईईआर (इंडियन सीजनल एनर्जी एफिशिएंसी रेशियो) वैल्यू की जांच करना भी उतना ही महत्वपूर्ण है। ये कारक बिजली के बिल में बचत करने और कुल ऊर्जा खपत को कम करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।

आपके एयर कंडीशनर पर लगा स्टार लेबल उसकी ऊर्जा दक्षता से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारी प्रदान करता है, जिससे आप अधिक किफायती और पर्यावरण के अनुकूल विकल्प चुन सकते हैं। इस वर्ष, 1 जनवरी 2026 से, ब्यूरो ऑफ एनर्जी एफिशिएंसी (बीईई ) ने एयर कंडीशनर्स सहित कई उपकरणों की स्टार रेटिंग के लिए संशोधित मानदंड लागू किए हैं। ये अद्यतन मानक भारत में ऊर्जा दक्षता बढ़ाने और बिजली की खपत कम करने के लिए बीईई  द्वारा समय-समय पर किए जाने वाले सुधारों का हिस्सा हैं।

संशोधित मानदंडों के तहत, एयर कंडीशनर्स (और अन्य उपकरणों) के लिए लेबल अवधि अब 1 जनवरी 2026 से 31 दिसंबर 2027 तक मान्य होगी। एयर कंडीशनर की ऊर्जा दक्षता को मापने वाला आईइसईईआर  मूल्य भी महत्वपूर्ण रूप से अपडेट किया गया है। इसके अनुसार, 2026 में निर्मित 5-स्टार स्प्लिट एसी का आईइसईईआर  मूल्य 5.6 होना चाहिए, जबकि 2026 में निर्मित 5-स्टार विंडो एसी का आईइसईईआर  मूल्य 3.7 होना चाहिए। ये नए मानक 2026 में निर्मित एसी को 2025 या उससे पहले निर्मित एसी की तुलना में 10 प्रतिशत अधिक ऊर्जा दक्ष बनाते हैं।

By Business Bureau