वर्चुअल डिजिटल एसेट्स पर अंतरिम नियामकीय व्यवस्था की सिफारिश

संसदीय वित्त संबंधी स्थायी समिति ने वर्चुअल डिजिटल एसेट्स (वीडीए), जैसे क्रिप्टोकरेंसी, के लिए एक व्यापक और प्रभावी नियामकीय ढांचा तैयार करने की सिफारिश की है। प्रतिभूति बाजार संहिता (एसएमसी) पर अपनी रिपोर्ट में समिति ने कहा है कि तेजी से बढ़ते डिजिटल एसेट्स बाजार को देखते हुए स्पष्ट नियम और कानूनी व्यवस्था समय की आवश्यकता है।

समिति ने मौजूदा नियामकीय शून्य पर चिंता जताते हुए कहा कि व्यापक कानून लागू होने तक सरकार एक अंतरिम नियामकीय व्यवस्था पर भी विचार कर सकती है। इसके तहत मान्यता प्राप्त स्व-नियामक संगठन (Self-Regulatory Organisations—SROs) संबंधित नियामक संस्था की निगरानी में कार्य कर सकते हैं। समिति का मानना है कि इससे बाजार में अनुशासन बनाए रखने, निवेशकों के हितों की रक्षा करने और संभावित वित्तीय जोखिमों को कम करने में मदद मिलेगी।

रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि वर्चुअल डिजिटल एसेट्स का उपयोग और निवेश लगातार बढ़ रहा है। ऐसे में पारदर्शी और संतुलित नियामकीय व्यवस्था न केवल निवेशकों का विश्वास बढ़ाएगी, बल्कि डिजिटल वित्तीय क्षेत्र के सुरक्षित और जिम्मेदार विकास को भी प्रोत्साहित करेगी। समिति ने सरकार से इस दिशा में शीघ्र कदम उठाने का आग्रह किया है, ताकि नवाचार और निवेशक सुरक्षा के बीच संतुलन सुनिश्चित किया जा सके।

By nanika