ऐतिहासिक समुद्री जड़ों से लेकर हाई-तकनीकी विनिर्माण तक: प्रधानमंत्री मोदी के विजन का प्रतीक बना धोलेरा एसआईआर

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सार्वजनिक सेवा के 25 गौरवशाली वर्ष पूरे होने के अवसर पर, ‘जन सेवा से देश सेवा’ के मूल मंत्र और सेवा व सुशासन के संकल्प को साकार करता धोलेरा स्पेशल इन्वेस्टमेंट रीजन (SIR) विकसित भारत 2047 के सपने को गति देने का एक उत्कृष्ट उदाहरण बनकर उभर रहा है। प्रधानमंत्री मोदी के दूरदर्शी नेतृत्व में गुजरात के खंभात की खाड़ी के पास विकसित किया जा रहा धोलेरा भारत का पहला ऐसा ग्रीनफील्ड स्मार्ट शहर है, जहां पारंपरिक औद्योगिक शहरों के विपरीत फैक्ट्रियां या इमारतें बनने से पहले ही विश्व स्तरीय सड़कें, 24 घंटे जलापूर्ति, अत्याधुनिक बिजली ग्रिड और हाई-स्पीड इंटरनेट जैसी बुनियादी और डिजिटल अवसंरचना का पूर्ण विकास किया गया है। प्रधानमंत्री मोदी की इस परिकल्पना ने इस क्षेत्र को भारत के उच्च-तकनीकी विनिर्माण और औद्योगिक भविष्य के एक प्रमुख केंद्र के रूप में स्थापित कर दिया है, जहां देश का पहला सेमीकंडक्टर फैब्रिकेशन प्लांट भी तेजी से आकार ले रहा है। धोलेरा की इस तीव्र और आधुनिक वृद्धि पर गर्व व्यक्त करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इसके महत्व को रेखांकित किया है, वहीं गुजरात के मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल ने भी इस स्मार्ट शहर के विशाल पैमाने और इसकी प्रगतिशील अवसंरचना की सराहना की है। कभी अपनी ऐतिहासिक समुद्री जड़ों और व्यापारिक धरोहर के लिए पहचाने जाने वाला यह क्षेत्र आज देश की तकनीकी आत्मनिर्भरता और औद्योगिक क्रांति का एक जीवंत प्रतीक बन चुका है। धोलेरा एसआईआर केवल एक औद्योगिक क्षेत्र मात्र नहीं है, बल्कि यह भविष्य के उन आधुनिक और संधारणीय शहरों की नींव है, जो ‘विकसित भारत 2047’ के राष्ट्रीय विजन को गति देने के साथ-साथ युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर सृजित कर रहे हैं और देश के आर्थिक परिदृश्य को पूरी तरह से बदल रहे हैं।

By nanika