प्रधानमंत्री ने ₹35,000 करोड़ से अधिक की परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास किया; AI, कौशल और औद्योगिक हब के रूप में वडोदरा के विकास पर दिया जोर

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार को युवाओं से तेजी से उभर रहे आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) के अवसरों के लिए खुद को तैयार करने का आह्वान किया। उन्होंने विकसित भारत के निर्माण में कौशल, नवाचार और तकनीक के महत्व पर जोर दिया। महाराजा सयाजीराव यूनिवर्सिटी ऑफ बड़ौदा के पवेलियन ग्राउंड में आयोजित ‘NaMo for Viksit Bharat’ कार्यक्रम को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि आने वाली पीढ़ी को AI के लिए तैयार रहना होगा और ऐसे कौशल विकसित करने होंगे, जिन्हें तकनीक और वैश्विक आवश्यकताओं में बदलाव के साथ लगातार उन्नत किया जा सके। उन्होंने जोर देकर कहा कि AI केवल तकनीकी क्षेत्र तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि कृषि, स्वास्थ्य सेवा, विनिर्माण और रोबोटिक्स सहित विभिन्न क्षेत्रों में अवसर पैदा करेगा।

प्रधानमंत्री की युवाओं के साथ यह बातचीत गुजरात के लिए एक बड़े विकास अभियान के साथ हुई, जिसमें उन्होंने वडोदरा में ₹35,000 करोड़ से अधिक की परियोजनाओं का उद्घाटन, लोकार्पण और शिलान्यास किया। इन परियोजनाओं में रेलवे, सड़क और अन्य बुनियादी ढांचा क्षेत्रों से जुड़ी योजनाएं शामिल हैं, जो क्षेत्र में कनेक्टिविटी और लॉजिस्टिक्स को और मजबूत करेंगी। इस दौरे का एक प्रमुख आकर्षण 2,800 किलोमीटर लंबे डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर का पूरा होना रहा। प्रधानमंत्री मोदी ने इसे 21वीं सदी के भारत की एक ऐतिहासिक उपलब्धि और गति शक्ति तथा देश के लॉजिस्टिक्स परिवर्तन की दिशा में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर बताया। अपने संबोधन के दौरान प्रधानमंत्री ने वडोदरा की शिक्षा और औद्योगिक केंद्र के रूप में रही पहचान से लेकर आधुनिक विनिर्माण और उभरती तकनीकों के महत्वपूर्ण केंद्र के रूप में हुए विकास का भी उल्लेख किया। उन्होंने कपड़ा, टाइल्स, तेल और पेट्रोकेमिकल्स के क्षेत्रों में शहर की प्रगति तथा एक बड़े MSME हब के रूप में इसके विस्तार को रेखांकित किया। उन्होंने भारत की एयरोस्पेस विनिर्माण यात्रा में वडोदरा की भूमिका का भी उल्लेख किया, जिसमें C-295 विमान कार्यक्रम शामिल है।

वडोदरा की औद्योगिक यात्रा को भविष्य के अवसरों से जोड़ते हुए प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि भारत के विकास के अगले चरण के लिए शिक्षा, कौशल और उद्योग का समन्वय बेहद महत्वपूर्ण होगा। उन्होंने युवाओं से वर्तमान समय का अधिकतम लाभ उठाने का आह्वान किया और इसे भारत के युवाओं के लिए एक महत्वपूर्ण दौर बताया। उन्होंने युवाओं से 2047 तक विकसित भारत के लक्ष्य में योगदान देने का आह्वान किया। कार्यक्रम में युवा दर्शकों की मजबूत भागीदारी भी देखने को मिली। MSU के पवेलियन ग्राउंड में आयोजित इस युवा-केंद्रित कार्यक्रम में लगभग 6,000 छात्र, युवा पेशेवर, सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर्स और अन्य प्रतिभागी शामिल हुए। प्रधानमंत्री का वडोदरा दौरा इस प्रकार एक बड़े बुनियादी ढांचा मील के पत्थर के साथ-साथ देश की अगली पीढ़ी पर मजबूत फोकस को सामने लेकर आया, जिसमें AI, कौशल, शिक्षा, उद्योग और युवाओं की भागीदारी को विकसित भारत के एजेंडे के केंद्र में रखा गया। वडोदरा के लिए भी यह कार्यक्रम इस बात को रेखांकित करता है कि शहर किस तरह शिक्षा और उद्योग में अपनी पारंपरिक ताकत को तकनीक, उन्नत विनिर्माण और नई अर्थव्यवस्था के उभरते अवसरों से जोड़ते हुए आगे बढ़ रहा है।

By Business Bureau