पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के परिणाम आने के बाद जिले में शांति और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए आज जलपाईगुड़ी जिला प्रशासन और पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों ने एक संयुक्त संवाददाता सम्मेलन किया। इस दौरान अधिकारियों ने स्पष्ट संदेश दिया कि किसी भी प्रकार की हिंसा या गैर-कानूनी गतिविधि को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
प्रशासन की संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस
जिला मजिस्ट्रेट कार्यालय में आयोजित इस बैठक में जलपाईगुड़ी के जिला मजिस्ट्रेट (DM) संदीप घोष, पुलिस अधीक्षक (SP) अमरनाथ के., केंद्रीय बल के अधिकारी संतोष कुमार और सीआरपीएफ (CRPF) के कमांडर उपस्थित थे। प्रशासन ने संयुक्त रूप से जिले के नागरिकों और सभी राजनीतिक दलों के कार्यकर्ताओं से शांति बनाए रखने की अपील की।
अब तक की कार्रवाई और गिरफ्तारियां
पुलिस अधीक्षक अमरनाथ के. ने जानकारी देते हुए बताया कि चुनाव के बाद हुई विभिन्न घटनाओं के संबंध में जिले में अब तक कुल 26 शिकायतें दर्ज की गई हैं। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए अब तक 36 उपद्रवियों को गिरफ्तार किया है।
फरार टीएमसी प्रत्याशी कृष्ण दास की तलाश
एसपी ने विशेष रूप से उल्लेख किया कि फरार चल रहे तृणमूल कांग्रेस (TMC) प्रत्याशी कृष्ण दास की गिरफ्तारी के लिए पुलिस छापेमारी कर रही है और उन्हें बहुत जल्द कानून की गिरफ्त में ले लिया जाएगा।
सुरक्षा व्यवस्था और केंद्रीय बलों की तैनाती
प्रशासन ने बताया कि जिले के संवेदनशील इलाकों में सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए 10 कंपनी केंद्रीय बल (CAPF) तैनात की गई है। पिछले दो दिनों में जिले में दो बड़ी घटनाएं और कई छोटी-मोटी झड़पें हुई हैं, जिन्हें देखते हुए गश्त बढ़ा दी गई है।
अधिकारियों का कड़ा संदेश
जिलाधिकारी संदीप घोष: “राजनीतिक कार्यकर्ता किसी भी ऐसी गतिविधि में शामिल न हों जो कानून के विरुद्ध हो। प्रशासन हर स्थिति पर पैनी नजर रख रहा है।”
पुलिस अधीक्षक अमरनाथ के.: “शांति भंग करने की कोशिश करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा। गिरफ्तारियां जारी हैं और हम जिले में पूर्ण सुरक्षा सुनिश्चित करेंगे।”
निष्कर्ष:
जलपाईगुड़ी पुलिस और प्रशासन ने स्पष्ट कर दिया है कि वे किसी भी अप्रिय घटना से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार हैं। जनता से अनुरोध किया गया है कि वे अफवाहों पर ध्यान न दें और पुलिस का सहयोग करें।
