सिलीगुड़ी के डाबग्राम स्थित भक्तिनगर इलाके में डाबग्राम नॉर्थ लोकल कमेटी के बैनर तले भारत की जनवादी नौजवान सभा (DYFI) और ऑल इंडिया डेमोक्रेटिक वूमेन्स एसोसिएशन (AIDWA) के कार्यकर्ताओं ने विभिन्न मांगों को लेकर सांकेतिक उपवास और धरना-प्रदर्शन किया। आंदोलनकारियों ने दिल्ली में चल रहे छात्र आंदोलन और प्रसिद्ध समाजसेवी सोनम वांगचुक के आंदोलन के प्रति अपना पूर्ण समर्थन व एकजुटता व्यक्त की।प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि देश की शिक्षा प्रणाली में लगातार वित्तीय और प्रशासनिक अनियमितताएं सामने आ रही हैं।
“Education is a Right, Not a Scam” (शिक्षा अधिकार है, घोटाला नहीं) के नारे लगाते हुए कार्यकर्ताओं ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री के तुरंत इस्तीफे की मांग की। इसके साथ ही नीट (NEET) सहित विभिन्न प्रतिस्पर्धी परीक्षाओं के प्रश्नपत्र लीक मामले पर गहरा आक्रोश जताते हुए दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने की मांग की गई।पुलिसिया कार्रवाई और छात्र आत्महत्याओं पर उठाए सवालआंदोलनकारी नेता बुलेट सिंह ने आरोप लगाते हुए कहा कि दिल्ली में जायज़ मांगों को लेकर प्रदर्शन कर रहे छात्र-छात्राओं पर पुलिस द्वारा किया गया लाठीचार्ज पूरी तरह से असंवैधानिक और लोकतांत्रिक अधिकारों का हनन है।
संसद भवन की ओर जा रहे शांतिपूर्ण जुलूस पर पुलिसिया बल प्रयोग की कड़े शब्दों में निंदा की गई।प्रदर्शन के दौरान वक्ताओं ने शिक्षा प्रणाली के बढ़ते तनाव, अनिश्चितता और अवसाद के कारण छात्रों द्वारा की जा रही आत्महत्याओं के गंभीर मुद्दे को भी उठाया और तुरंत शिक्षा नीति में व्यापक सुधार की मांग की।इस सांकेतिक उपवास और धरना कार्यक्रम के माध्यम से DYFI और AIDWA ने स्पष्ट किया कि केंद्र सरकार को शिक्षा के अधिकार की रक्षा, परीक्षाओं में पारदर्शिता और छात्रों के लोकतांत्रिक आंदोलनों के अधिकार को सुरक्षित करने के लिए त्वरित और ठोस कदम उठाने होंगे।
