विधायक चुने जाने के बाद पहली बार सिलीगुड़ी जिला अस्पताल पहुंचे शंकर घोष, 3 से 6 महीने में समस्याएं सुलझाने का दिया आश्वासन

विधायक निर्वाचित होने के बाद शंकर घोष ने पहली बार सिलीगुड़ी जिला अस्पताल की रोगी कल्याण समिति की बैठक में भाग लिया। इस दौरान उन्होंने अस्पताल के बुनियादी ढांचे का जायजा लिया और विभिन्न विभागों के अधिकारियों व स्वास्थ्य कर्मियों से बातचीत की। उन्होंने अस्पताल की वर्तमान स्थिति और आम मरीजों को मिल रही सुविधाओं व आ रही दिक्कतों को विस्तार से समझने का प्रयास किया। बैठक के बाद अस्पताल परिसर में पत्रकारों से बातचीत करते हुए विधायक शंकर घोष ने स्वीकार किया कि सिलीगुड़ी जिला अस्पताल में इस समय कई समस्याएं हैं। उन्होंने बताया कि यहाँ की सबसे मुख्य और बड़ी समस्या ‘जगह की कमी’ (स्थान संकट) है। पर्याप्त जगह न होने के कारण अस्पताल प्रशासन को मरीजों को बेहतर सेवाएं देने में कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है।

जल्द समस्या समाधान का भरोसा

अस्पताल में जगह और अन्य संसाधनों की कमी के बावजूद, विधायक ने इन समस्याओं को जल्द दूर करने का सकारात्मक संदेश दिया है। उन्होंने सिलीगुड़ी के नागरिकों को आश्वस्त करते हुए कहा, “अस्पताल की इन सभी कमियों और समस्याओं को लेकर चर्चा शुरू हो चुकी है। अगले तीन से छह महीने के भीतर इन सभी ढांचागत समस्याओं के समाधान के लिए हर संभव आवश्यक प्रयास किए जाएंगे।”

नए विधायक की इस सक्रियता और चुनाव के तुरंत बाद अस्पताल का दौरा करने के कदम का रोगी कल्याण समिति के सदस्यों सहित स्थानीय आम जनता ने स्वागत किया है। अब देखना यह होगा कि आने वाले महीनों में अस्पताल के इस स्थान संकट को दूर करने के लिए प्रशासन की ओर से क्या प्रभावी कदम उठाए जाते हैं।

By Sonakshi Sarkar