होल्डिंग सेंटरों में भेजे गए 350 लोग बशीरहाट (उत्तर 24 परगना)/न्यूज़ एशिया :पश्चिम बंगाल के उत्तर 24 परगना जिले के बशीरहाट उपमंडल अंतर्गत बिथारी हकीमपुर ग्राम पंचायत के ‘हकीमपुर चेकपोस्ट’ पर अचानक भारी संख्या में बांग्लादेशी घुसपैठिए जमा होने लगे हैं। अपने देश (बांग्लादेश) वापस लौटने की उम्मीद में फिलहाल 150 से अधिक बांग्लादेशी नागरिकों ने चेकपोस्ट पर डेरा डाल रखा है और लगातार नए-नए समूह सीमा पर पहुंच रहे हैं।दलालों को मोटी रकम देकर घुसे थे भारत, ले रहे थे सरकारी योजनाओं का लाभपकड़े गए बांग्लादेशियों ने खुद कबूल किया है कि वे उत्तर 24 परगना के अलग-अलग सीमावर्ती इलाकों से दलालों को मोटी रकम देकर अवैध रूप से भारत में दाखिल हुए थे।
घुसपैठ करने के बाद वे देश के विभिन्न राज्यों में काम की तलाश में चले गए थे। चौंकाने वाली बात यह है कि इनमें से कई लोग इस राज्य (पश्चिम बंगाल) में रहकर विभिन्न सरकारी योजनाओं का लाभ भी उठा रहे थे।एक हफ्ते में 900 गिरफ्तार, बायोमेट्रिक जांच जारीसीमा सुरक्षा बल (BSF) के सूत्रों के अनुसार, पिछले एक हफ्ते में करीब 900 बांग्लादेशी घुसपैठियों को पकड़ा गया है। इनमें से 350 घुसपैठियों को फिलहाल बादुड़िया और स्वरूपनगर के तीन ‘होल्डिंग सेंटरों’ में रखा गया है।कड़ी सुरक्षा और जांच: बीएसएफ के अधिकारी इन सभी के फिंगरप्रिंट और बायोमेट्रिक डेटा ले रहे हैं।पहचान की पुष्टि ज़रूरी: अधिकारियों का साफ कहना है कि जब तक इन लोगों के सही दस्तावेज और वास्तविक पहचान की पुष्टि नहीं हो जाती, तब तक इन्हें बांग्लादेश वापस नहीं भेजा जाएगा।
गृह मंत्रालय रख रहा है पूरा ख्यालहोल्डिंग सेंटरों में रखे गए बच्चों, महिलाओं और पुरुषों की सुरक्षा और बुनियादी जरूरतों का पूरा ध्यान रखा जा रहा है। प्रशासनिक सूत्रों के मुताबिक, केंद्रीय गृह मंत्रालय की देखरेख में इन लोगों के खाने-पीने, रहने और स्वास्थ्य सेवाओं की पूरी व्यवस्था की जा रही है ताकि देश लौटने से पहले उन्हें कोई परेशानी न हो।हालांकि, सीमा पर हर दिन बढ़ती भीड़ ने प्रशासन की चिंता बढ़ा दी है। कल के मुकाबले आज सुबह हकीमपुर चेकपोस्ट पर बांग्लादेशी नागरिकों की संख्या में भारी इजाफा देखा गया है, जिसके बाद बीएसएफ ने सीमा पर सतर्कता और बढ़ा दी है।
