एसबीआई का ऐतिहासिक प्रदर्शन वित्तीय वर्ष २०२६ की तीसरी तिमाही में दर्ज किया अब तक का सर्वाधिक मुनाफा

भारतीय स्टेट बैंक ने शनिवार को अपने वित्तीय वर्ष २०२६ की तीसरी तिमाही के शानदार परिणाम घोषित किए हैं, जिसमें बैंक का कुल कारोबार १०३ ट्रिलियन रुपये के ऐतिहासिक स्तर को पार कर गया है। इस तिमाही के दौरान बैंक ने २१,०२८ करोड़ रुपये का अपना अब तक का सबसे अधिक शुद्ध लाभ दर्ज किया, जो पिछले वर्ष की तुलना में २४.४९% की प्रभावशाली वार्षिक वृद्धि दर्शाता है। बैंक की कुल जमा राशि और ऋण भी क्रमशः ५७ ट्रिलियन और ४६ ट्रिलियन रुपये के पार पहुंच गए हैं, जबकि परिचालन लाभ में ३९.५४% की भारी बढ़त देखी गई है।

बैंक की संपत्ति की गुणवत्ता में भी निरंतर सुधार हो रहा है, जहाँ ग्रॉस एनपीए सुधरकर १.५७% और नेट एनपीए मात्र ०.३९% पर आ गया है। घरेलू ऋणों में १५.४४% की मजबूत वृद्धि दर्ज की गई, जिसमें कृषि और व्यक्तिगत ऋणों का मुख्य योगदान रहा। डिजिटल बैंकिंग के क्षेत्र में बैंक की बढ़ती पैठ का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि वर्तमान में ६८% से अधिक नए बचत खाते ‘योनो’ प्लेटफॉर्म के माध्यम से डिजिटल रूप से खोले जा रहे हैं। बैंक ने अपनी वित्तीय स्थिति को और मजबूत करते हुए १४.०४% का पूंजी पर्याप्तता अनुपात बनाए रखा है।

By rohan