चुंचुड़ा-मगड़ा में राजनीतिक घमासान: विधायक असित मजुमदार ने रुकवाई चुनाव आयोग की सुनवाई, BLA-2 को शामिल करने की मांग

हुगली जिले के चुंचुड़ा-मगड़ा ब्लॉक कार्यालय में सोमवार को उस समय भारी तनाव फैल गया, जब स्थानीय तृणमूल विधायक असित मजुमदार ने मतदाता सूची सुधार (SIR) की सुनवाई प्रक्रिया को बीच में ही रोक दिया। विधायक का स्पष्ट कहना है कि जब तक बूथ लेवल एजेंट (BLA-2) को सुनवाई प्रक्रिया में शामिल नहीं किया जाता, तब तक किसी भी तरह की हियरिंग (सुनवाई) नहीं होने दी जाएगी। सोमवार सुबह करीब 11:30 बजे विधायक असित मजुमदार अपने समर्थकों के साथ ब्लॉक कार्यालय पहुंचे और गेट बंद करवा दिया।

इसके कारण सुनवाई के लिए दूर-दूर से आए सैकड़ों लोग घंटों कतार में खड़े रहे। स्थिति बिगड़ती देख मौके पर मगड़ा थाने की पुलिस पहुंची। संवाददाताओं से बात करते हुए विधायक ने वर्तमान व्यवस्था पर कड़े सवाल उठाए: विधायक ने कहा, “यह कैसी व्यवस्था है? जो लोग रिटायर हो चुके सरकारी कर्मचारी हैं, जो पेंशन पा रहे हैं या जिनके पास वैध पासपोर्ट है, उन्हें भी 2002 की वोटर लिस्ट का हवाला देकर सुनवाई के लिए बुलाया जा रहा है। यह आम जनता को परेशान करने का तरीका है।” उन्होंने मांग की कि प्रक्रिया में पारदर्शिता लाने के लिए राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों (BLA-2) की उपस्थिति अनिवार्य होनी चाहिए।

विधायक ने चुनौती देते हुए कहा, “अगर प्रशासन को लगता है कि BLA-2 वहां नहीं रह सकते, तो वे इसे लिखित में दें।”उन्होंने साफ किया कि अभिषेक बनर्जी और ममता बनर्जी के निर्देशानुसार वे लड़ाई जारी रखेंगे और किसी भी ‘जेनुइन’ (असली) वोटर का नाम सूची से कटने नहीं देंगे। ब्लॉक कार्यालय के बाहर फिलहाल तनावपूर्ण शांति बनी हुई है। विधायक की मांग और सुनवाई रुकने के कारण प्रशासन और चुनाव आयोग के सामने बड़ी चुनौती खड़ी हो गई है। आम जनता, विशेषकर बुजुर्गों को इस खींचतान के कारण भारी असुविधा का सामना करना पड़ रहा है।

By Sonakshi Sarkar