सिलीगुड़ी विधानसभा क्षेत्र से वामपंथी उम्मीदवार शरदेंदु चक्रवर्ती (जय) के समर्थन में गुरुवार को एक महत्वपूर्ण पत्रकार वार्ता का आयोजन किया गया। इस दौरान चुनावी ‘लीफलेट’ (घोषणापत्र) का विमोचन किया गया, जिसे आने वाले दिनों में घर-घर जाकर मतदाताओं के बीच वितरित किया जाएगा। जारी किए गए लीफलेट में वाम शासन के दौरान सिलीगुड़ी में किए गए प्रमुख विकास कार्यों का विवरण दिया गया है। वाम नेतृत्व ने दावा किया है कि:वामफ्रंट के सत्ता से हटने के बाद सिलीगुड़ी के विकास की गति पूरी तरह थम गई है।शहर की बुनियादी समस्याओं, जैसे जल निकासी और ट्रैफिक, की अनदेखी की गई है।
पूर्व मंत्री और कद्दावर वाम नेता अशोक भट्टाचार्य ने भाजपा की नीतियों पर कड़ा प्रहार करते हुए कहा:”भाजपा डर का माहौल पैदा कर वोट हासिल करने की कोशिश कर रही है। वे उत्तर बंगाल को केंद्र शासित प्रदेश बनाने की साजिश रच रहे हैं, जिसे हम किसी भी कीमत पर स्वीकार नहीं करेंगे। पिछले चुनाव में भी उन्होंने गोर्खालैंड और ग्रेटर कूचबिहार जैसे संवेदनशील मुद्दों का इस्तेमाल किया था, लेकिन हर बार जनता को गुमराह नहीं किया जा सकता।”उन्होंने आगे कहा कि वाम शासन के दौरान सिलीगुड़ी को प्राथमिकता मिलती थी और मुख्यमंत्री से सीधे संवाद कर शहर की मांगें पूरी कराई जाती थीं, जो वर्तमान में पूरी तरह बंद हो चुका है।
इस बार के चुनाव में वाममोर्चा ने युवा और पहली बार वोट देने वाले मतदाताओं (Gen Z) को जोड़ने के लिए विशेष रणनीति बनाई है। प्रत्याशी शरदेंदु चक्रवर्ती ने कहा:”हमने बड़ी संख्या में युवा मतदाताओं से मुलाकात की है। युवाओं में वर्तमान व्यवस्था के खिलाफ आक्रोश है और वे बदलाव चाहते हैं। हमें पूरा विश्वास है कि नई पीढ़ी का समर्थन वामपंथ को मजबूती प्रदान करेगा।”पत्रकार वार्ता में वाममोर्चा के अन्य वरिष्ठ नेता भी उपस्थित थे, जिन्होंने सिलीगुड़ी की खोई हुई गरिमा को वापस लाने के लिए शरदेंदु चक्रवर्ती को जिताने की अपील की।
