गूगल ने अपने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस प्लेटफॉर्म ‘जेमिनी’ के लिए एक महत्वपूर्ण फीचर की घोषणा की है, जो उपयोगकर्ताओं को अन्य प्रतिद्वंद्वी एआई ऐप्स जैसे ‘चैटजीपीटी’ या ‘क्लाउड’ से अपनी चैट मेमोरी और इतिहास को आसानी से आयात करने की सुविधा देगा। २७ मार्च २०२६ को सामने आई इस रिपोर्ट के अनुसार, इस नए अपडेट का मुख्य उद्देश्य उपयोगकर्ताओं के अनुभव को अधिक व्यक्तिगत और सुसंगत बनाना है। अब यूजर्स को जेमिनी के साथ नए सिरे से बातचीत शुरू करने की जरूरत नहीं होगी, बल्कि वे अपनी पुरानी प्राथमिकताओं और महत्वपूर्ण चर्चाओं को सीधे इस प्लेटफॉर्म पर स्थानांतरित कर सकेंगे, जिससे एआई को उनके काम करने के तरीके की पहले से जानकारी होगी।
यह नई ‘मेमोरी इम्पोर्ट’ सुविधा वर्तमान में ‘जेमिनी एडवांस’ और ‘गूगल वर्कस्पेस’ के चुनिंदा उपयोगकर्ताओं के लिए जारी की जा रही है और आने वाले हफ्तों में इसे वैश्विक स्तर पर सभी के लिए उपलब्ध कराया जाएगा। तकनीकी विशेषज्ञों का मानना है कि गूगल का यह कदम डेटा पोर्टेबिलिटी को बढ़ावा देता है और उपयोगकर्ताओं को एक एआई प्लेटफॉर्म से दूसरे पर स्विच करने की आजादी देता है। इस फीचर के माध्यम से जेमिनी उपयोगकर्ता की पसंद-नापसंद और विशिष्ट निर्देशों को बेहतर तरीके से याद रख पाएगा, जिससे भविष्य में मिलने वाले उत्तर और भी सटीक और प्रासंगिक होंगे। यह बदलाव एआई क्षेत्र में प्रतिस्पर्धा को बढ़ाते हुए ग्राहकों को अपनी डिजिटल जानकारी पर अधिक नियंत्रण प्रदान करता है।
