नए साल की शुरुआत हो चुकी है और अब स्वास्थ्य के लक्ष्य सबसे ज्यादा ध्यान में हैं। इस समय, वजन पर नियंत्रण रखना अक्सर लोगों के नए साल के संकल्पों में सबसे ऊपर होता है। जैसे-जैसे लोग अपनी दिनचर्या को फिर से व्यवस्थित करते हैं और खुद को लंबे समय तक फिट और ऊर्जावान महसूस करने के स्थायी तरीके खोजते हैं, सजग भोजन और संतुलित आहार का महत्व और बढ़ जाता है। इस बदलाव को दर्शाते हुए, कैलिफ़ोर्निया आल्मंड बोर्ड के सहयोग से किए गए नए YOUGOV सर्वे से पता चलता है कि भारतीय उपभोक्ता अब धीरे-धीरे स्वास्थ्यपूर्ण विकल्प अपनाना अधिक पसंद कर रहे हैं। इसमें नियमित व्यायाम करना और ऐसे पोषक तत्वों से भरपूर भोजन चुनना शामिल है, जो रोज़मर्रा की भलाई और स्वास्थ्य को बढ़ावा देते हैं। इन सभी में, कैलिफ़ोर्निया बादाम अभी भी सुबह की दिनचर्या और नाश्ते में प्रमुख रूप से शामिल हैं। कई लोग इन्हें खाने से पेट जल्दी नहीं भरता, भूख पर नियंत्रण रहता है और पूरे दिन ऊर्जा बनी रहती है, ऐसा मानते हैं।
भारत के 16 शहरों में किए गए इस सर्वेक्षण से यह भी पता चलता है कि लोग अब स्वास्थ्य और संतुलित जीवनशैली की ओर अधिक ध्यान दे रहे हैं। अधिकांश (92%) लोग स्वास्थ्य और पोषण में गहरी रुचि दिखा रहे हैं, जबकि 51% लोग रोज़ाना व्यायाम जैसी सक्रिय जीवनशैली अपना रहे हैं। इसके अलावा, 63% रिस्पान्डन्ट कहते हैं कि वे अपने वजन को नियंत्रित करने की कोशिश कर रहे हैं—अक्सर रोज़ाना व्यायाम, ज्यादा पानी पीना और चीनी कम करना जैसी नियमित आदतों के माध्यम से। सजग भोजन पर यह जोर भारत में बादाम खाने की आदतों में भी देखा जा सकता है। लगभग 40% रिस्पान्डन्ट का कहना है कि वे रोज़ाना बादाम खाते हैं, जिसमें लगभग 30% लोग इसे सबसे पहले सुबह खाते हैं और 22% इसे नाश्ते के साथ शामिल करते हैं। खरीदारी की आदत भी मजबूत बनी हुई है, 43% लोग मासिक आधार पर बादाम खरीदते हैं, जबकि 44% लोग इसे साप्ताहिक या सप्ताह में दो बार में खरीदते हैं। पसंद अलग-अलग है—30% लोग भिगोया हुआ या भिगोकर छिला हुआ बादाम चुनते हैं और 25% लोग इसे कच्चा खाते हैं। सूखे मेवों के ग्राहक में 86% लोग बादाम चुनते हैं, जो इसकी व्यापक लोकप्रियता को दर्शाता है।
बादाम खाने के पीछे की वजहें उनके पोषण लाभ के प्रति जागरूकता को दर्शाती हैं। आधे से अधिक रिस्पान्डन्ट (52%) का मानना है कि बादाम समग्र स्वास्थ्य और भलाई के लिए अच्छे हैं, जबकि 41% इसे रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने से जोड़ते हैं और 39% लोग प्रोटीन की मात्रा बनाए रखने के लिए बादाम खाते हैं। 75% लोग कहते हैं कि बादाम उनके रोज़ाना के आहार का हिस्सा हैं ताकि उन्हें जरूरी पोषक तत्व मिल सकें, और 84% लोग मानते हैं कि बादाम एक हेल्दी विकल्प है। लगभग 40% लोग बादाम खाते समय कैलोरी या मैक्रोज़ (पोषक तत्व) भी ट्रैक करते हैं, जो उनकी पोषण संबंधी जागरूकता को दर्शाता है।
