एआईएनयू हॉस्पिटल ने बताया है कि वह उत्तर बंगाल का पहला ऐसा हॉस्पिटल बन गया है, जहाँ किडनी और यूरोलॉजी के लिए रोबोटिक सर्जरी शुरू की गई है। इससे मरीजों को और भी सटीक व बेहतर इलाज मिल सकेगा। यह मेडिकल जगत की एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है। अब उत्तर बंगाल, नॉर्थईस्ट इंडिया और आसपास के क्षेत्रों के मरीजों को आधुनिक और कम चीरे वाला बेहतरीन इलाज अपने ही इलाके में मिलेगा। उन्हें इलाज के लिए बड़े शहरों में जाने की जरूरत नहीं होगी। मरीजों के लिए, यह नई सुविधा का अर्थ है कि अब उन्हें एक ही हॉस्पिटल में कई तरह के आधुनिक यूरोलॉजी इलाज मिल सकेंगे। रोबोटिक तकनीक आने से एआईएनयू अब नई और एडवांस सर्जरी कर रहा है, जैसे प्रोस्टेट की रोबोटिक सर्जरी, जटिल यूरोलॉजी ऑपरेशन, रीकंस्ट्रक्टिव सर्जरी, किडनी का आंशिक ऑपरेशन (पार्शियल नेफ्रेक्टॉमी) और किडनी ट्रांसप्लांट।
यह रोबोटिक सर्जरी प्रोग्राम उन मरीजों के लिए बहुत फायदेमंद होगा जिन्हें प्रोस्टेट कैंसर की सर्जरी, किडनी की आंशिक या पूरी सर्जरी, पाइलोप्लास्टी, मूत्राशय की नली को दोबारा जोड़ने की सर्जरी, ब्लैडर (मूत्राशय) की सर्जरी मूत्राशय की नली की सिकुड़न ठीक करने की सर्जरी तथा जटिल यूरोलॉजी की मरम्मत वाली सर्जरी और ज़रूरत पड़ने पर बच्चों की रोबोटिक यूरोलॉजी सर्जरी की ज़रूरत होगी।
रोबोट लॉन्च पर बोलते हुए, एआईएनयू सिलीगुड़ी के एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर और सीनियर यूरोलॉजिस्ट व रोबोटिक सर्जन डॉ. जॉयदीप घोष ने कहा कि, “एआईएनयू सिलीगुड़ी में एडवांस रोबोटिक सर्जरी की शुरुआत उत्तर बंगाल में किडनी के इलाज के लिए एक बड़ा बदलाव है। अब मरीजों को विश्वस्तरीय रोबोटिक इलाज के लिए बड़े शहरों में जाने की ज़रूरत नहीं होगी। हमारा लक्ष्य है कि सबसे आधुनिक, सुरक्षित और मरीज-केंद्रित किडनी का इलाज लोगों को उनके घर के पास ही मिले।” लॉन्च पर बात करते हुए, एशियन इंस्टीट्यूट ऑफ नेफ्रोलॉजी एंड यूरोलॉजी के सीईओ संदीप गुडूरु ने बताया कि, “एआईएनयू पूरे देश में किडनी, यूरोलॉजी और ट्रांसप्लांट इलाज के लिए जाना जाता है। यहाँ अनुभवी डॉक्टर, आधुनिक सुविधाएँ और वैज्ञानिक तरीकों से इलाज किया जाता है। यह नया रोबोटिक प्रोग्राम एआईएनयू की इस कोशिश को और मजबूत करता है कि मरीजों को कम चीरे वाला, आधुनिक और आसान इलाज मिल सके।”
